पक्षियों के लिए किया पानी व दाने का प्रबंध

संवादसहयोगी,मोगा

लालालाजपतरायमेमोरियलग्रुपआफकालेजअजीतवालकेस्टाफनेमिलकरपक्षियोंकेलिएमिट्टीकेप्यालेकालेजकेबगीचेमेंलगेफव्वारेमेंरखउनमेंसाफवठंडापानीऔरदानाडालनेकीशुरूआतकी।

संस्थाकेडायरेक्टरडा.चमनलालसचदेवानेकहाकिबढ़रहेतापमानकोध्यानमेंरखतेहुएपक्षियोंकीप्यासवउनकीभूखमिटानेकाविशेषप्रबंधकरनाआजसमयकीजरूरतहैताकिइनकीगिनतीबढ़ाईजासके।पंछियोंकीचहचहाहटवातावरणकोएकमधुरसंगीतसेखूबसूरतबनाएरखे।प्रोजेक्टचेयरमैनगुरपिदरसिंहनेलगातारइनमिट्टीकेप्यालोंमेंदानाऔरपानीडालनेकीजिम्मेवारीली।पेड़ोंकीकटाईबंदकरपौधेलगाएंसभीलोग:बावाहरएकव्यक्तिकीजिदगीआक्सीजनकेबिनाअसंभवहैलेकिनइंसानजानतेहुएकिवृक्षोंकीअंधाधुंधकटाईकररहाहै।ऐसाकरहमअपनेपैरोंपरकुल्हाड़ीमाररहेहैं।

यहविचारआमआदमीपार्टीकेलीगलसेलकेप्रदेशउपाध्यक्ष

एडवोकेटनसीबबावानेपत्रकारोंसेबातचीतमेंव्यक्तकिए।उन्होंनेकहाकिवृक्षोंकीअंधाधुंधकटाईकेकारणहीआजआक्सीजनकीकमीसेदेशजूझरहाहै।हमेमुफ्तआक्सीजनजोकुदरतसेमिलतीथीउसेनहींसंभालसके।रोजानाभारतमेंदर्जनोंजानेंआक्सीजनकीकमीकेकारणहोरहीहैं।

बावानेलोगोंसेअपीलकीकिकुदरतकेइसप्रकोपसेअपनेआपकोबचानेकेलिएतथाअगलीपीढ़ी,जीव-जंतुओंवपौधोंकीजिदगीकेलिएहमप्रणकरेंकिजोकुदरतनेहमेंजमीनदीहै,घरदिएहैं,वहांवृक्षवपौधेलगाएजाएं,ताकिहमकोरोनाजैसीमहामारीसेबचसकें।