पचास साल पुराना कुआं अमरनाथ बस्ती का सहारा

जागरणसंवाददाता,राउरकेला:राउरकेलामहानगरनिगमअधीनस्थवार्डनंबर-13परदुर्गापुरपहाड़ीसेसटीअमरनाथबस्तीकेलोगोंकेलिएपेयजलकाएकमात्रसहारापचाससालपुरानाकुआंहै।सुबहसेशामतकयहांलोगोंकीलाइनलगीरहतीहै।कुएंमेंझरकरपानीजमाहोताहैएवंएक-एकबाल्टीनिकालकरलोगलेतेरहतेहैं।बस्तीकेनलकूपसूखचुकेहैं।रेलवेतालाबकेगंदेपानीमेंनहाना-धोनाकरनाऔरसुबहसेशामतकपीनेकेपानीकाजुगाड़करना,यहांकेलोगोंकीमजबूरीबनगईहै।बस्तीमेंआधादर्जननलकूपहैंपरउनमेंपानीनहींआरहाहै।यहांपीएचईडीकीपाइपलाइनदोबारबिछायीजाचुकीहैपरअबतकएकभीयोजनासफलनहींहुईहै।बस्तीकेलोगपीनेकेपानीकेलिएअमरनाथमंदिरकेपासहिन्दुस्तानपेट्रोलियमद्वारानिर्मितपानीटंकीसेभीपानीलेतेहैं।यहांभीसमयपरपानीमिलताहै।बिजलीगुलरहनेसेयहांभीपानीनसीबनहींहोताहै।

मिशनरीफादरनेखुदवायाथाकुआं

गोपबंधुपालीअमरनाथबस्तीकेलोगोंकेलिएमिशनरीफादरनेपांचदशकपहलेएककुआंखुदवायाथा।इसीकुएंकापानीलोगपीतेरहे।आबादीकमहोनेकेकारणइससेकामचलजाताथापरअबयहांकीआबादीबढ़गयी।पचासपरिवारसेबढ़करचारसौसेअधिकपरिवारइसबस्तीमेंरहरहेहैं।1991मेंइसकुएंकीमरम्मतकीगई।चट्टानहोनेकेकारणखुदाईतोनहींहुईपर¨रगलगाकरकुएंकाचौड़ीकरणकियागया।

पीएचईडीकेपानीकीसुविधानहींबस्तीकेलोगोंकोपीनेकापानीमुहैयाकरानेकेलिएपीएचईडीकीओरसेदोबारपाइपबिछायागयापरप्रेशरनहींहोनेकेकारणलोगोंकोपानीनहींमिलसका।इसबस्तीतकटैंकरकेजानेकारास्ताभीनहींहैजिसकारणयहांगर्मीकेदिनोंमेंपानीकीआपूर्तिनहींहोपातीहै।पीनेकापानीकुंएसेनिकालनेकेलिएलोगोंकोरतजगातककरनापड़ताहै।कामधामछोड़करलोगइसताकमेंरहतेहैंकिकबकुएंमेंपानीजमाहोऔरपानीभरें।

बस्तीमेंपानीकीसुविधानहींहै।गर्मीमेंपानीकाजुगाड़करनाबडीसमस्याहै।रातकोदो-तीनबजेकुएंमेंपानीभरनेजानापड़ताहैउसमेंभीजरूरतपूरीनहींहोपाती।

-प्रफुल्लकुल्लू।

कुएंमेंपानीखत्महोजानेपरअमरनाथमंदिरकेपासपानीटंकीमेंपानीलानेकेलिएजानापड़ताहैं।यहांभीरोजानालाइनलगानापड़ताहै।पाइपसेपानीकीआपूर्तिहोतभीसमाधानहोगा।

-आशाकिरणटोप्नो

कुएंमेंरिस-रिसकरपानीआताहै।कुएंमेंपानीकमऔरभरनेवालेलोगअधिकहोतेहैं।रातकेसमयभीड़थोड़ाकमरहतीहैतबकिसीतरहपीनेऔरनहानेकापानीभरलेतेहैं।

बस्तीमेंपानीकाजुगाड़करनाबड़ीसमस्याहै।कुएंमेंभीड़होनेकेकारणपानीकेलिएमारामारीहोतीहै।जोदेरसेआतेहैंउन्हेंपानीकेलिएइंतजारकरनापड़ताहै।