खून के काले कारोबार पर लगाम लगाने के लिए कदम बढ़ा रहे जमुई के सौरव सुमन, डोनेशन के लिए बनाया ग्रुप

अरविंदकुमारसिंह,जमुई:अकेलाचलाथाजानिबेमंजिल,लोगजुड़तेगएकारवांबनतागया.....।कुछऐसाहीहुआसौरवसुमनकेसाथ,जबउन्होंनेपहलीबार2012मेंकिसीजरूरतमंदकोरक्तदानकियाथा।तबसुमननेऐसासोचाभीनहींथाकिइतनेलोगोंकेचेहरेपरमुस्कानकावहकारणबनजाएगा।29सालकीउम्रमेंवह31बाररक्तदानकरचुकाहै।प्रबोधजनसेवासंस्थानकेजरिएलोगोंकीजीवनरक्षाकेसंकल्पमेंअबतक5000सदस्योंकामानवरक्षकरक्तदातापरिवारबनचुकाहै।

21ब्राडकास्टग्रुपकेजरिएजरूरतमंदकीआवश्यकताकोरक्तदातापरिवारतकपहुंचानाऔरफिरउसेरक्तदानकराजीवनकीहिफाजतसुनिश्चितकरानाउनकीदिनचर्याबनचुकीहै।सुमनकीमानेंतोअबतक11,000जरूरतमंदलोगोंकीरक्तकीकमीदूरकरनेमेंउसेकामयाबीमिलीहै।संस्थानकाकार्यक्षेत्रसिर्फजमुईतकहीसिमटानहींहैबल्किनालंदा,पटना,सहरसाऔरसुपौलमेंभीजरूरतमंदलोगोंकोमददपहुंचाकरलालखूनकेकालेसाम्राज्यपरलगामकसनेमेंहाथबंटारहाहै।

खूनकेअभावमेंभाईनेतोड़दियाथादम

18अगस्त1998कामनहूसदिनयादकरआजभीसौरवसुमनकापरिवारशून्यमेंखोजाताहै।वित्तरहितधनराजसिंहमहाविद्यालयपिरहिंडामेंव्याख्याताविश्वनाथसिंहमेडिकलमान्यताकेविपरीतदोबोतलखूनदेकरभी14वर्षीयपुत्रअजीतउर्फमोनूकीजाननहींबचासके।इससदमेमेंसुमनकीमांकीआवाजगुमहोगईथी।तबसुमनमहजपांचवर्षकाथा।बालमनपरघटनाकीअमिटछाप,परिवारमेंउक्तहादसेकीचर्चाऔरपटनामेंबैचलरआफसोशलवर्ककीपढ़ाईकेदौरानसीनियरसाथियोंसेउन्हेंरक्तदानकीमुहिमचलानेकीप्रेरणामिली।सिकंदराप्रखंडकेलछुआड़निवासीसुमन'रक्तवीरोंपरअभिमानकरिए,स्वयंभीस्वाभिमानीबनिए,किसीकीजिंदगीपरबनीहोतोसहर्षरक्तदानीबनिए...'केमंत्रपरहरएकव्यक्तिसेअमलकीअपेक्षाकरतेहैं।

जमुईसदरअस्पतालकेअधीक्षकडा.नौशादअहमदनेकहाकिविशेषमौकोंपरसौरवसुमनद्वारासदरअस्पतालमेंरक्तदानशिविरआयोजितकियाजातारहाहै।रक्तदानसेजरूरतमंदोंकोपुनर्जीवनमिलताहै।इसकेलिएहरव्यक्तिकोआगेआनेकीआवश्यकताहै।

युवाओंकीहैबड़ीटोली

सौरवसुमनबतातेहैंकिइसकार्यमेंबतौरसहयोगीहरेरामकुमार,पीयूषशर्मागोरे,आलोकसिंह,ऋषभभारती,बमबमलालदास,रविकिशन,रमेशपोपली,रानीकुमारी,अर्चनाअग्रवाल,निधिवर्णवाल,विकासकुमार,सचिराजपद्माकर,सचिनकुमार,विनोदकुमार,शिवजीतसिंह,सौरभमिश्रा,अनुरागसिंहजैसेअन्यकईसाथियोंकानामहै।