बेटा कांस्य पदक लेकर पहुंचा घर, मां के छलके आंसू

प्रदीपकुमारसिंह,फरीदकोट:ओलंपिकमेंकांस्यपदकजीतनेवालीभारतीयहाकीटीमकेखिलाड़ीरुपिदरपालसिंहवीरवारसुबहघरपहुंचे।स्वागतमेंपरिवारहीनहींरिश्तेदार,मोहल्लेकेलोगवखेलप्रेमीघंटाभरपहलेहीघरकेबाहरखड़ेरहे।रुपिदरपालकेघरपहुंचनेपरसभीनेरूपिदरकोबारी-बारीसेगलेलगाया।

इसअवसरपररुपिदरपालसिंहकीमांसुखविदरकौरनेबेटेकोगलेलगाकरचूमतेहुएआंखसेखुशीकेआंसूछलकपड़े।उन्होंनेकहाकिबेटेकादूसराओलंपिकखेलथा,गतओलंपिकमेंभारतीयटीमकोईमेडलनहींजीतपाईथी,जिसकाबेटेकोमलालथा,परंतुइसबारभारतीयटीमभलेहीगोल्डवसिल्वरनहींजीतपाईहै,परंतुउसनेअच्छाखेलकाप्रदर्शनकरतेहुएकास्यपदकजीताहै।उन्हेंअपनेबेटेपरगर्वहै।

हाकीखिलाड़ीसंदीपसिंहवप्रवीणकुमारनेकहाकिकहनेवहदेखनेकोभारतीयटीमनेभलेहीकांस्यपदकजीताहै,यहपदकभारतकेलिएकिसीगोल्डसेकमनहींहै।41सालबादभारतकोओलंपिकमेंकोईमेडलमिलाहै,यहउपलब्धिहमारीहाकीकेभविष्यकेलिएशुभसंकेतहै।आनेवालेवर्षोंमेंहाकीखिलाड़ियोंकोयहबड़ीप्रेरणादायकहोगी।

टोक्योसेलौटेहाकीखिलाड़ीरुपिदरपालसिंहनेकहाकिवहऔरउनकीटीमनेबेहतरखेलदिखाया,औरकांस्यपदकजीते।उन्होंनेबतायाकिटूनामेंटमेंउन्होंनेचारगोलकिएहै।कुछकारणोंसेउनकीटीमगोल्डमेडलनहींजीतपाई,परंतुपेरिसमेहोनेवाले33वेंओलंपिकगेमउन्हेंपूराविश्वासहैकिउनकीटीमजरूरगोल्डमेडलजीतेगी।उन्होंनेकहाकिदेशकेप्रधानमंत्रीसेलेकरबड़ीसंख्यामेंखेलप्रेमियोंकीउन्हेंबधाईमिलरहीहै।आजयहांघरपहुंचनेपरजोस्वागतउनकाहुआहै,उससेवहबहुतखुशहै।यहमेडलवहअपनीकोमांकोभेंटकिएहै,मेडलदेखकरमांभावुकहै।उनकेपरिवारमेंखुशीकामाहौलहै।